अयोध्या के राम मंदिर में ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपतराय समेत अन्य की आईडी बंद होने के बाद विशिष्ट और सुगम दर्शन पास के लिए खड़ी हुई समस्या से राहत देने के लिए आरती दर्शन का तत्काल पास जारी करने की व्यवस्था शुरू कर दी गई है। इसके लिए राम मंदिर के मुख्य द्वार के पास ही काउंटर बना दिया गया है। यहां से कोई भी पास बनवा सकता है।अभी पास की संख्या कम रखी गई है लेकिन आगे बढ़ाया जाएगा।
आरती दर्शन के इस पास को जारी करने के लिए बिड़ला धर्मशाला के सामने यात्री सुविधा केंद्र में एक काउंटर बनाया गया है, जहां सुबह नौ बजे से पास बनाने का काम शुरू होता है। यहां रामलला के आरती दर्शन के लिए 45 पास और राम परिवार के आरती दर्शन के लिए 15 पास की संख्या नियत की गयी है।
राम मंदिर के पास व्यवस्था प्रभारी नरेंद्र ने बताया कि यहां रामलला और राम परिवार के तीन अलग-अलग समयों में निर्धारित आरती के पास बनाए जाएंगे। उन्होंने बताया कि मंगला आरती का समय सुबह चार बजे व शृंगार आरती का समय सुबह छह बजे निर्धारित है। इसके कारण इन दोनों आरतियों के दर्शन का पास एक दिन पहले बनाया जाएगा।
वहीं, शयन आरती का समय रात्रि नौ बजे है इसलिए इस आरती दर्शन का पास उसी दिन जारी होगा। बताया कि ऑनलाइन आरती दर्शन के सौ पास के अतिरिक्त रेफरल पास की कुल संख्या 75 है। इतनी कम संख्या होने से पास का बंटवारा जिला प्रशासन और आर्मी के सैनिक सदन के लिए नहीं किया गया है। यदि उनके अतिथियों को आरती दर्शन करना होता है तो वह लोग ट्रस्ट से ही सम्पर्क करते हैं। यह भी बताया गया कि काउंटर से पास जारी करने के लिए अभी किसी की आईडी नहीं बनाई गयी है। ट्रस्टियों के द्वारा रेफर किए गए पास ही फिलहाल बनाए जा रहे हैं।
बताया गया कि अब तक रामलला के नियमित दर्शनार्थियों के 2743 पास जारी किए जा चुके हैं। इन सभी दैनिक पास की समीक्षा की जा रही है। बताया कि छह माह की वैधता वाले इन दैनिक पास का नवीनीकरण का कार्य भी चल रहा है, जिन दर्शनार्थियों के पास की वैधता तिथि समाप्त हो रही है, वह सभी अपने पास का नवीनीकरण करा सकते हैं।
राम मंदिर में रामलला के नियमित दर्शनार्थियों के लिए दैनिक पास जारी किया जा रहा था लेकिन इन दिनों शयन दैनिक पास जारी करने पर रोक लगा दी गयी है। इसको जल्दी शुरू करने पर अभी मंथन चल रहा है। उम्मीद है कि इसे हरी झंडी मिल जाएगी।

