समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने लखनऊ में पार्टी प्रदेश कार्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान भारतीय जनता पार्टी पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि भाजपा का धर्म का मतलब सिर्फ धन है। सीसीटीवी की फुटेज गायब हो जा रही है। सीसीटीवी से सीसी का राज खुल जाएगा। कहा कि सीसी का मतलब चढ़ावा चोरी-चंदा चोरी है। अखिलेश यादव ने अयोध्या को लेकर भी समाजवादी ऑडिट टू के नाम से एक पुस्तक जारी कर वहां हो रहे भ्रष्टाचार का मुद्दा भी उठाया।
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने गोरखपुर के आंकड़ों की पुस्तक जारी कर सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने पत्रकारों से कहा कि गोरखपुर में बीते 10 वर्षों में 500 प्राइमरी विद्यालय बंद हुए हैं। गरीब व पीडीए परिवार के बच्चों से पढ़ाई का हक छीना जा रहा है। उन्होंने कहा कि कहा कि गोरखपुर में 2017 तक 77 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र थे, जिनकी संख्या अब नौ रह गई है। गोरखपुर में निजी अस्पताल 37 थे, जिनकी संख्या अब 501 हो गई है।
अखिलेश ने कहा कि इससे पहले उन्होंने गोरखपुर से आये पदाधिकारी व कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर वहां की पूरी जानकारी ली है। जल्द गोरखपुर में सपा का सम्मेलन होगा। अखिलेश ने कहा कि गोरखपुर में दलितों के साथ अपराध बढ़ा है। देश में दलितों के विरुद्ध अपराध के सर्वाधिक मामले यूपी में हैं और यूपी में इनकी सबसे अधिक संख्या गोरखपुर में है। आरोप लगाया कि फेक इनकाउंटर सबसे ज्यादा पीडीए के हो रहे हैं।
वहीं इससे पहले अयोध्या में सपा नेता एवं पूर्व मंत्री तेज नारायण पांडेय ‘पवन’ ने प्रेस वार्ता में राम मंदिर चढ़ावा प्रकरण को लेकर प्रदेश सरकार द्वारा गठित एसआईटी की जांच पर सवाल खड़े करते हुए मामले की जांच सुप्रीम कोर्ट के सिटिंग जज की निगरानी में कराए जाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि एसआईटी के कुछ सदस्य स्वयं विभिन्न मामलों में जांच के दायरे में हैं, ऐसे में उनसे निष्पक्ष जांच की उम्मीद नहीं की जा सकती। तेज नारायण पांडेय ने आरोप लगाया कि राम मंदिर में चढ़ावे में कथित अनियमितताओं के मामले ने करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था को ठेस पहुंचाई है। उन्होंने कहा कि सर्वोच्च न्यायालय के आदेश के बाद गठित ट्रस्ट पर गंभीर आरोप लगे हैं, इसलिए न्यायालय को स्वतः संज्ञान लेकर मामले की जांच करानी चाहिए।

